विश्व योग दिवस कार्यक्रम का ऑनलाइन आयोजन
जनपद शिक्षा केंद्र करेली के तत्वावधान में मप्र शिक्षक संघ का अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम करेली में मनाया गया। बीआरसी कार्यालय द्वारा शिक्षकों को पांच दिवसीय योगाभ्यास वर्चुअल कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम को श्रीलेखा शर्मा ने संचालित करते हुए शुरू कराया।
विश्व योग दिवस के बारे में जानकारी देते हुए मप्र शिक्षक संघ नरसिंहपुर ज़िला सचिव सत्य प्रकाश त्यागी बीआरसी ने बताया कि भारतीय संस्कृति के अनुसार यह दिन पूरे वर्ष का सबसे लम्बा दिन होता है यानी सूर्योदय से सूर्यास्त होने के बीच के समय का अंतराल सर्वाधिक होता है। इसी दिन से सूर्य की गति की दिशा दक्षिणायन होती है और सूर्य की यह दक्षिणायन स्तिथि योग के द्वारा आध्यात्मिक विधा प्राप्त करने के लिए सर्वाधिक उपयुक्त मानी गई है। 21 जून को ग्रीष्म ऋतु की संक्रान्ति भी कहा जाता है। यही कारण था कि इस दिन को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में चुना गया।
योगाभ्यास के साथ घर पर रहे थीम पर आयोजन
योगाभ्यास कराने वाले प्रशिक्षित योग शिक्षक विवेक मिश्रा बताया कि प्रत्येक वर्ष योग दिवस हेतु एक अलग थीम का चयन किया जाता है। इस वर्ष के योग दिवस की थीम है ” योगाभ्यास के साथ घर पर रहे ” । कोरोनाकाल की दूसरी लहर से प्रभावित शिक्षकों व परिजनों को निराशा अवसाद के माहौल से दूर करने एवं कोरोना संक्रमण से बचाने शिक्षकों व परिवारजनों की प्राणशक्ति मजबूत करने के लिए प्राणवायु ऑक्सीजन और फेफड़ों की बेहतरीन से जुड़े योग और आसन के अभ्यास का प्रशिक्षण दिया गया । 21 जून को साल का सबसे लंबा दिन होने के पीछे कारण ये है कि 21 जून को सूर्य, पृथ्वी के नॉर्थ पोल मतलब उत्तरी गोलार्द्ध पर होता है इस कारण सूर्य की रोशनी भारत के बीचों-बीच गुजरने वाली कर्क रेखा पर सीधी पड़ती है इस दिन सूर्य की किरणें अन्य दिनों के मुकाबले ज्यादा समय तक धरती पर रहती हैं। इसी कारण से इस दिन को साल का सबसे बड़ा दिन और रात छोटी होती है। इस दिन उत्तरी गोलार्द्ध में मौजूद सभी देशों में दिन लंबा और रात छोटी होती है।विकासखंड स्रोत समन्वयक एसपी त्यागी ने बताया कि खास बात यह है कि इस दिन एक पल ऐसा भी आता है जब आपकी परछाई साथ छोड़ देती है। 21 जून के दिन सूरज बहुत ऊंचाई पर होता है। इस दिन से रात लंबी होने लगती हैं। 21 सितंबर आते-आते दिन व रात एक बराबर हो जाते हैं। इसके बाद 21 सितंबर से रात लंबी होने का सिलसिला बढ़ने लगता है। यह प्रक्रिया 23 दिसंबर तक होती है। विकासखंड के सैकड़ों प्रधान पाठकों और शिक्षकों की सहभागिता से योगाभ्यास वर्चुअल कार्यक्रम कार्यान्वयन किया गया । कार्यक्रम में प्रांतीय पदाधिकारी डॉ सी एल कोष्टी, ज़िला कोषाध्यक्ष संतोष कौरव , वरिष्ठ पदाधिकारी हरगोविंद शर्मा, ज़िला सह सचिव परवेज़ अख़्तर खान आदि उपस्थित थे।