मन्दसौर।”भारत के पास गौरवशाली परंपरा है, समृद्ध इतिहास है और चैतन्य सांस्कृतिक विरासत है।अपने अमर- सनातन स्वतत्व को पहचान कर स्वाभिमान के साथ दुनिया के साथ कदम मिलाकर चलने ओर आवश्यकता पड़ने पर मार्गदर्शन कर सकने वाला भारत बनने का आह्वान, यह अमृत महोत्सव है।” उक्त उद्गगार मुख्य वक्ता के रूप में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष हिम्मतसिंह जैन ने शा. ऊ. मा. वि. अफजलपुर में आयोजित जिला स्तरीय व्याख्यान माला “इंडिया से भारत की ओर” विषय पर वक्त किये।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष अखिलेश मेहता ने करते हुए कहा कि भारत अपने ज्ञान के दम पर विश्व गुरु था।आज भारत विश्व मे अग्रणी शक्ति के रूप में स्थापित होने की दिशा में अग्रसर है। अमृत महोत्सव के द्वितीय चरण में आयोजित इस व्याख्यान माला के प्रारंभ में सरस्वती वंदना विष्णु सुनार्थी ने प्रस्तुत की। अतिथि परिचय जिलाध्यक्ष नरेंद्र शर्मा ने कराया। कार्यक्रम को कुसुम शर्मा प्रान्तीय सचिव, विनोद पूनी संभागीय अध्यक्ष, बद्रीलाल पुरोहित जिला संगठन मंत्री ने भी संबोधित किया।
कार्यक्रम का संचालन शंकरलाल आंजना जिला सचिव ने तथा कल्याण मंत्र कान्तिलाल राठौर ने प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर अनोखीलाल नलवाया,रामचंद्र लौहार,कल्पना शर्मा,ज्योतिबाला जैन, विक्रम शर्मा, जितेन्द्र सिंह राणा, विजय पांडेय,कैलाश शर्मा,नरेंद्र चौधरी, पुरालाल देवड़ा,घनश्याम पाटीदार,गिरधारीलाल भावसार,रामगोपाल राठौर,प्रेमचंद गुप्ता,मोतीलाल फरक्या, भरत पापोंडिया,गुमानसिंह राठौर,मनीष बैरागी,परमेश्वरसिंह शक्तावत,सतीश शर्मा,अरुण बोराना सहित महती संख्या में शिक्षक शिक्षिकाएं उपस्थित रही।
